Akhand Bharat ke Swar

200.00

अक्षय पुष्पा प्रभाकर राजूरकर मुख्य रूप से आष्टी, जिला वर्धा (महाराष्ट्र) से जुड़े एक युवा, ओजस्वी और संवेदनशील रचनाकार हैं। उनकी कविताओं का संग्रह उनके प्रखर राष्ट्रवादी विचारों, सामाजिक सरोकारों और एक संघर्षरत युवा के अंतर्मन का सजीव दस्तावेज़ है।

अक्षय की लेखनी में ‘वीर रस’ और ‘देशप्रेम’ की गहरी छाप है। वे छत्रपति शिवाजी महाराज, लोकमान्य तिलक, चंद्रशेखर आज़ाद और वीर सावरकर, डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर जैसे राष्ट्रीय नायकों से अत्यंत प्रभावित हैं और अखंड भारत तथा ‘राम राज्य’ की पुनर्स्थापना का स्वप्न देखते हैं।
इतिहास और संस्कृति के प्रति गौरव के साथ-साथ, कवि समसामयिक मुद्दों- जैसे पूर्वोत्तर (मणिपुर) की स्थिति, आतंकवाद, जी-20 सम्मेलन और वर्तमान राजनीति – पर भी अपनी लेखनी के माध्यम से बेबाक और तीखा प्रहार करते हैं।
राष्ट्रवाद और कड़े तेवरों के अलावा, अक्षय के काव्य में एक युवा मन की कोमलता भी बसती है। जीवन की कशमकश, करियर की चिंता, दोस्तों की दुनियादारी, रिश्तों का टूटना और अकेलेपन से लड़कर मंज़िल पाने का जज़्बा उनकी कविताओं को आम युवाओं से जोड़ता है।
संक्षेप में, अक्षय राजूरकर एक ऐसे कवि हैं जिनकी आवाज़ में युवाओं का शंखनाद, मातृभूमि के प्रति अटूट समर्पण और ‘भारत को भव्य’ बनाने का दृढ़ संकल्प गूँजता है।
पूर्व में अभाविप जैसे संगठन में सक्रियता से कार्यरत रहे हैं। गढ़चिरोली और मणिपुर राज्य के अत्यंत दुर्गम क्षेत्रों में प्रत्यक्ष काम का अनुभव किया है। इनका जनजाति और सेवा कार्य से विशेष लगाव है।

Compare
SKU: 641 Categories: ,
Description

Description

अक्षय पुष्पा प्रभाकर राजूरकर मुख्य रूप से आष्टी, जिला वर्धा (महाराष्ट्र) से जुड़े एक युवा, ओजस्वी और संवेदनशील रचनाकार हैं। उनकी कविताओं का संग्रह उनके प्रखर राष्ट्रवादी विचारों, सामाजिक सरोकारों और एक संघर्षरत युवा के अंतर्मन का सजीव दस्तावेज़ है।

अक्षय की लेखनी में ‘वीर रस’ और ‘देशप्रेम’ की गहरी छाप है। वे छत्रपति शिवाजी महाराज, लोकमान्य तिलक, चंद्रशेखर आज़ाद और वीर सावरकर, डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर जैसे राष्ट्रीय नायकों से अत्यंत प्रभावित हैं और अखंड भारत तथा ‘राम राज्य’ की पुनर्स्थापना का स्वप्न देखते हैं।
इतिहास और संस्कृति के प्रति गौरव के साथ-साथ, कवि समसामयिक मुद्दों- जैसे पूर्वोत्तर (मणिपुर) की स्थिति, आतंकवाद, जी-20 सम्मेलन और वर्तमान राजनीति – पर भी अपनी लेखनी के माध्यम से बेबाक और तीखा प्रहार करते हैं।
राष्ट्रवाद और कड़े तेवरों के अलावा, अक्षय के काव्य में एक युवा मन की कोमलता भी बसती है। जीवन की कशमकश, करियर की चिंता, दोस्तों की दुनियादारी, रिश्तों का टूटना और अकेलेपन से लड़कर मंज़िल पाने का जज़्बा उनकी कविताओं को आम युवाओं से जोड़ता है।
संक्षेप में, अक्षय राजूरकर एक ऐसे कवि हैं जिनकी आवाज़ में युवाओं का शंखनाद, मातृभूमि के प्रति अटूट समर्पण और ‘भारत को भव्य’ बनाने का दृढ़ संकल्प गूँजता है।
पूर्व में अभाविप जैसे संगठन में सक्रियता से कार्यरत रहे हैं। गढ़चिरोली और मणिपुर राज्य के अत्यंत दुर्गम क्षेत्रों में प्रत्यक्ष काम का अनुभव किया है। इनका जनजाति और सेवा कार्य से विशेष लगाव है।

Additional information

Additional information

Weight 0.300 kg
Dimensions 24 × 16 × 3 cm
More Products

Maharshi Bhrugu

60.00

MaharshiBhrugu is a symbol of the highest genious of human intellect. He was profecient in many fields of knowledge. His was the fundamental research work in many ancient scientific branches. The full-phased description about the life and astonishing work can be read in this book by Shri. Vijay Yangalwar.

Samruddhisathi Istrayali Tantradnyane

100.00

Isreal is a country wellknow for the practice of different techinigues in different fields of life the proparity due to it with progress has become a Keyword for Israel. What are the reasons behind this progress and prospaurity them all times is a motto, the writer wants to be adopted by Indians. This is the main reason for which the book is written by leiturent Padmakar Deshpande.

Shree Kshetra Markandadev

50.00

In the district Gadchiroli, surrounded by greenery and the beautiful basin of Vainganga, there is an ancient temple of Markanda. It is a religious tourist site. The full information about it with photographs along with other tourist sites in Gadchiroli district is given in this book. This is the only book of this type.

Co-operative Rules

250.00

The changed Co-operative Rules after change in Co-operative 1920 due to constitutional a amendment are may must required by the Co-operative Societies. This is our efftort to do the needful.

Nakshatra Bhumi

35.00

This is the 2 act drama book on the social problem written by prominent dramatist. The severe and dangerous problem frightening the young generation given it a social foresight.

Gosht Berrister Sahebanchi

150.00

 

‌‘गोष्ट बॅरिस्टरसाहेबांची‌’ या पुस्तकातील व्यक्तींच्या गोष्टी आपणास नक्की प्रेरणा देतील. कदाचित आपल्या आयुष्याला नवीन वळण देतील. बॅरिस्टरसाहेब म्हणजे कोण? डॉ. बाबासाहेब आंबेडकरांच्या स्वप्नांचा रथ पुढे नेणाऱ्या त्यागी माणसाचं नाव आहे राजाभाऊ. राजाभाऊ म्हणजे त्याग. राजाभाऊ म्हणजे आंबेडकरी चळवळीचा वाघ. ज्याने फक्त समाजाचा संसार सांभाळला, समाजाच्या हितासाठी देह झिजवला अशा चंदनाचे नाव म्हणजे राजाभाऊ. कोणत्याही स्वार्थाशिवाय सामान्य माणसांना आपली वैभवी सावली देणाऱ्या वटवृक्षाचे नाव म्हणजे राजाभाऊ. कष्टकरी गरीब माणसाच्या कल्याणासाठी लढणारा योद्धा म्हणजे राजाभाऊ. आपल्या विद्वत्तेचा देशाच्या कल्याणासाठी विचार करणारी व्यक्ती म्हणजे राजाभाऊ. आंबेडकरी विचारांवर खंबीर राहणाऱ्या आंबेडकरवादी योद्ध्याचे नाव म्हणजे राजाभाऊ. कोणाचाही द्वेष घडू नये असा बुद्धविचार आचरणात आणणाऱ्या राजनेत्याचं नाव राजाभाऊ. चंद्रपूरचं नाव इतिहासाच्या छातीवर कोरणाऱ्या खोबरागडे घराण्यातील सुपुत्राचे नाव आहे राजाभाऊ. जो सर्वाचा भाऊ तो भाऊराव आणि मनाने राजासारखा तो राजाभाऊ.