Tejbindupanishad

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Weight 20 kg
Dimensions 21.5 × 14 cm
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Patsansthansathi Sahakari Paripatrake

₹350.00

The circulars for the co-operative financial fields, particularly during last twenty years are grouped in this book. There are in all 106 circulars included in the book. There are 160 pages in the smallest size 1/8 decimal. The book is thus made handy and easy to carry with 80 as to be used when needed.

Ganitachya Gamti Jamti

₹200.00

सर्वसाधारण माणसाच्या आणि विद्यार्थ्यांच्या मनात गणित विषयाबद्दलची एक प्रकारची भिती असते. विज्ञान एक वेळ चालेल परंतु गणित नको 95% व्यक्ती गणितापासून दूर जातात. गणित हा मनोरंजनाचा विषय आहे. हीच संकल्पना लोकांना पटत नाही परंतु गणिताच्या गमती जमती या पुस्तकातून वाचकांचे मनोरंजन करेल, त्यांची गणिताची भिती जाईल आणि त्यांना गणिताची आवड निर्माण करण्याची जादू या पुस्तकाच्या मुळाशी आहे. या पुस्तकातील गणितांना गणिताचे नाव न देता, त्यांना व्यवहारातील नावे दिली आहेत. जेणेकरून भावनिक जवळीक निर्माण व्हावी, ते आपलेसे वाटावे यासाठी. जसे की मित्र, एका नजरेत घायाळ, डोंबारी, नटरंग, कोळ्याचे जाळे, माझा लकी नंबर, रावण, हरिहरेश्वर, सुंदरता इत्यादी. तसेच मोठी गणितं डोळ्यांनी सोडवता येतील व त्याचा आनंद घेता येईल व गणिताची गोडी उत्पन्न होण्यास नक्कीच मदत होईल.
सर्व शास्त्रांचे मूळ गणित आहे. जगाला मोठी देणगी भारतीय गणिताने दिली ती म्हणजे शून्याचा शोध. गणित भारतात जन्मले व प्राचीन भारतातील गणित तज्ञांनी ते वाढवले व सर्व जगात पसरवले. हा इतिहास प्रत्येक भारतीयांपर्यत पोहोचवण्याचे कार्य झाले पाहिजे हीच खरी अपेक्षा बाळगतो.

Manakshar

₹249.00

पल्लवी लघाटे का जन्म ग्वालियर (मध्य प्रदेश) में हुआ तथा वर्तमान में वे कल्याण (महाराष्ट्र) में निवासरत हैं। उन्होंने भूगोल विषय में एम.ए. एवं एम. फिल. की उपाधि प्राप्त की है। वर्तमान में वे एक कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं।
शिक्षा एवं लेखन के क्षेत्र से उनका जुड़ाव लंबे समय से रहा है। उन्होंने उत्तर प्रदेश के बबीना स्थित सेंट्रल स्कूल में पी. जी. शिक्षक के रूप में कार्य किया है। इसके अतिरिक्त कल्याण (महाराष्ट्र) के गुरुकुल विद्यालय में शिक्षिका के रूप में तथा एक कोचिंग संस्थान के एडमिन विभाग में भी कार्य किया है। वर्तमान में वे लेखन एवं कंटेंट निर्माण के क्षेत्र में सक्रिय हैं तथा kuchnaya.com के फेसबुक पेज के लिए ब्लॉग लेखन का कार्य भी कर चुकी हैं।
लेखन के प्रति उनका रुझान बचपन से ही रहा है। मन की संवेदनाओं, जीवन के अनुभवों, रिश्तों की गहराईयों तथा समाज और प्रकृति से जुड़े विविध पहलुओं को वे अपनी रचनाओं में सहजता और भावपूर्ण ढंग से अभिव्यक्त करती हैं। उनकी लेखनी में संवेदनशीलता, आत्मचिंतन और जीवन-दर्शन का सुंदर समन्वय दिखाई देता है।
साहित्य के साथ-साथ संगीत में भी उनकी विशेष रुचि है। वे सुगम संगीत में विशारद की शिक्षा पूर्णता की ओर अग्रसर हैं तथा गायन परीक्षाओं में विशेष योग्यता प्राप्त कर चुकी हैं।
उनकी रचनाएँ विभिन्न साहित्यिक मंचों पर सराही गई हैं। उनकी कविताएँ ‘बालमन की उड़ान’ काव्य-संग्रह तथा मराठी पुस्तक ‘फुलोरा’ में प्रकाशित हो चुकी हैं। इसके अतिरिक्त विभिन्न ऑनलाइन साहित्यिक मंचों पर लेखन हेतु उन्हें अनेक प्रमाण-पत्र प्राप्त हुए हैं। साहित्यिक योगदान के लिए उन्हें चेतना मंच फेसबुक पेज द्वारा ट्रॉफी से भी सम्मानित किया गया है।
‘मनाक्षर’ उनकी प्रथम स्वतंत्र काव्य-कृति है। इस संग्रह में जीवन, प्रेम, रिश्ते, संघर्ष, आशा, प्रकृति और मानवीय भावनाओं के विविध रंगों को शब्दों के माध्यम से अभिव्यक्त करने का प्रयास किया गया है। उनका विश्वास है कि शब्द केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि मन से मन तक पहुँचने वाला एक सशक्त सेतु हैं।

Geetatatva Pradip

₹130.00

A grate sent in the learning of the spirituality late shri B. R. Modak has describe the meaning of the Geeta a in short and precise manner through this book. Geeta can be interpreted and understood in different perspectives, the book is a valuable gift to all who love and honour Geeta.